February 1, 2026

Khabrana.com

सच्ची बात, सच के साथ…

Khabrana Home » गैंगस्टर पपला गुर्जर को उम्रकैद। नारनौल की ए‌एसजे कोर्ट ने बिमला मर्डर केस में सुनाया फैसला। सजा के वक्त पपला खुद कोर्ट में रहा हाजिर।

गैंगस्टर पपला गुर्जर को उम्रकैद। नारनौल की ए‌एसजे कोर्ट ने बिमला मर्डर केस में सुनाया फैसला। सजा के वक्त पपला खुद कोर्ट में रहा हाजिर।

नारनौल (केडीसी) हरियाणा और राजस्थान के नामी गैंगस्टर विक्रम उर्फ पपला गुर्जर को बिमला मर्डर केस में हरियाणा की नारनौल कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाई तथा 10 हजार का जुर्माना भी लगाया। नारनौल के अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश सुधीर जीवन की दोपहर करीब साढ़े 12 बजे फैसला सुनाया। कोर्ट के फैसले के वक्त गैंगस्टर पपला खुद कोर्ट में मौजूद रहा। उसे भारी सुरक्षा कवच के बीच कोर्ट में लाया गया था। पपला को एक दिन पहले ही कोर्ट ने दोषी करार दिया था। बिमला की 6 साल पहले पपला गुर्जर ने 23 गोलियां मारकर हत्या कर दी थी।इस केस में 6 आरोपी संदेह के लाभ के चलते 3 साल पहले ही बरी हो चुके है। महेन्द्रगढ़ जिले के गांव खैरोली निवासी विक्रम उर्फ पपला गुर्जर ने 21 अगस्त 2015 की रात अपने ही गांव की बिमला (65) को घर में घुसकर गोलियों से छलनी कर दिया था। बिमला को 23 गोलियां मारी गई थी। इस केस में कुल 7 लोगों पर आईपीसी की धारा 148, 149, 302, 120बी व आर्म्स एक्ट के तहत केस दर्ज हुआ था। मामले में सभी आरोपियों की गिरफ्तारी भी हुई, लेकिन बाद में गैंगस्टर पपला गुर्जर को उसके साथी कोर्ट में पेशी के दौरान महेन्द्रगढ़ से छुड़ा ले गए थे। एक दिन पहले ही पपला को नारनौल की ए‌एसजे कोर्ट ने बिमला मर्डर केस में दोषी ठहराया था। इस मामले में 12 अप्रैल 2018 को संदेह के लाभ के चलते 6 आरोपियों को कोर्ट ने बरी कर दिया था। पीड़ित पक्ष के वकील ने फांसी की अपील की। पीड़ित पक्ष के एडवोकेट अजय चौधरी ने बताया कि उन्होंने कोर्ट के समक्ष सजा की बहस के दौरान पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी व बेअंत सिंह हत्याकांड का हवाला देकर बिमला मर्डर केस को जघन्य अपराध मानते हुए पपला गुर्जर को फांसी की सजा दिए जाने की अपील की थी। लेकिन कोर्ट ने गैंगस्टर पपला गुर्जर को उम्रकैद की सजा दी है। कड़ी सुरक्षा के बीच पहुंचा पपला दरसल , मंगलवार को नारनौल कोर्ट में काफी गहमागहमी रही। सुबह से ही कोर्ट परिसर में भारी सुरक्षा व्यवस्था की गई थी। करीब 11 बजे कड़ी सुरक्षा के बीच ही नसीबपुर जेल से गैंगस्टर पपला गुर्जर नारनौल कोर्ट पहुंचा। उसके बाद उसे न्यायाधीश सुधीर जीवन की कोर्ट में पेश ले जाया गया। करीब डेढ़ घंटे तक पपला की सजा पर बहस हुई और फिर कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाई। 29 सितंबर को नारनौल शिफ्ट हुआ पपला को इसी साल 28 जनवरी को राजस्थान की स्पेशल पुलिस फोर्स ने महाराष्ट्र को कोल्हापुर से उसकी गर्लफ्रेंड जिया के साथ अरेस्ट किया था। उसके बाद से ही पपला अजमेर की हाई सिक्योरिटी जेल में बंद था। 6 साल पुराने बिमला मर्डर केस में पपला के वकीलों ने नारनौल कोर्ट में अर्जी दाखिल कर पपला को प्रोडक्शन वारंट पर लाने की अपील की थी। कोर्ट ने अर्जी स्वीकार कर 29 सितंबर को कोर्ट में पेश करने के आदेश दिए थे। 29 सितंबर को पेशी के बाद ए‌एसजी सुधीर जीवन ने पपला को नसीबपुर जेल में शिफ्ट करने के आदेश दिए थे। उसके बाद से ही पपला नसीबपुर जेल में बंद है।2 साल पहले बहरोड़ थाना हमला कर छुड़ाया पपला गुर्जर पर हरियाणा के अलावा राजस्थान में भी कई अपराधिक मामले दर्ज हैं। हरियाणा पुलिस के इस वांछित बदमाश को 6 सितंबर 2019 को चैकिंग के दौरान राजस्थान की बहरोड़ थाना पुलिस ने उसे 32 लाख की मोटी रकम के साथ हिरासत में लिया था। लेकिन उस वक्त पुलिस पपला को पहचाने में गच्चा खा गई थी। उसे सामान्य बदमाश समझ कर बहरोड़ थाना के लॉकअप में रखा गया था। उसी अलसुबह पपला के साथियों ने एके-47 से बहरोड़ थाना पर हमला बोलते हुए पपला को पुलिस हिरासत से छुड़ा लिया था। बड़ी मशक्कत के बाद राजस्थान पुलिस ने पपला को कोल्हापुर से गिरफ्तार किया था। कई महीने अजमेर जेल में काटने के बाद अब पपला को नारनौल की नसीबपुर जेल में कड़ी सुरक्षा के बीच रखा गया है।