March 18, 2026

Khabrana.com

सच्ची बात, सच के साथ…

Khabrana Home » अलवर मे पर्यटन की असीम सम्भावनाएं। एनसीआर का मिले लाभ तो पर्यटन को भी मिलेगा लाभ।

अलवर मे पर्यटन की असीम सम्भावनाएं। एनसीआर का मिले लाभ तो पर्यटन को भी मिलेगा लाभ।

अलवर (केडीसी) अलवर एनसीआर में आता है और एनसीआर में केवल यहीं टाईगर सैंचूरी भी है। जिला कलेक्टर नन्नूमल पहाडिया ने बताया कि ट्यूरिस्ट को बढावा मिले इसके लिए 24 से 26 नवम्बर तक अलवर मत्स्य महोत्सव मनाया जा रहा है।

सुबह भागवान जगन्नाथ जी की महा आरती के साथ कार्यक्रम का शुभारम्भ कर दिया गया है। फतेह गुम्बद में बच्चों के मेहंदी और दूसरे कार्यक्रम आयोजित हो रहे हैं।

शाम को कवि सम्मेलन है। ट्यूरिस्ट को बढावा देने के लिए कल साईक्लिंग का कार्यक्रम है। दो सांस्कृतिक कार्यक्रम में है। अलवर की गरीमा और पहचान को स्थापित करने के प्रयास कर रहे हैं।

अलवर की पहचान केवल राजस्थान में ही नहीं पूरे विश्व में पहूंचे तो श्रेष्ठ होगा। कैबिनेट मंत्री टीकाराम जूली अलवर मत्स्य महोत्सव में पहुंचे।जुली ने कहा कि आज अलवर का स्थापना दिवस है इस अवसर पर आज भगवान जगन्नाथ जी की महा आरती के बाद आज अलवर मत्स्य महोत्त्सव का आगाज हो गया है। महोत्सव में तीन दिन तक कार्यक्रम चलेंगे। जिनमें अनेक इवैंट्स हैं।

जिसमें आम लोगों को देखने का मौका मिले। हमारी प्रतिभाओं को आगे आने का मौका मिले। अलवर के अन्दर ट्यूरिज्म में असीम सम्भावनाएं है। हम उनको चाहे जितना बढा सकते है। हमारा प्रयास ये रहेगा का कि ट्यूरिज्म का सैक्टर हम अलवर के अन्दर विकसित कर सके।

दिल्ली के हम नजदीक हैं। एनसीआर के अन्दर हम आते हैं। सरिस्का जैसा नेशनल पार्क अलवर मे है। जिसकी इन्टरनेशनल लेवल पर अपनी पहचान है। यहां पहाड़ हैं, नदिया हैं, धोरे हैं, किले हैं ये सब चीजे हमारे अलवर में हैं।

हमे इन सबका फायदा लेना चाहिए। हम और अधिकारीगण प्रयास करेंगे कि आने वाले समय इसे और अधिक बढ़ाया जा सके।